RELIGION WORLD — THE INDEPENDENT SCIENTIFIC & INTERFAITH JOURNAL
Navigation

© 2026 Religion World Foundation.

Global Faith • Scientific Heritage • Human Ethics

गंगोत्री धाम रवाना हुई डोली, अभिजीत मुहूर्त में खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट

गंगोत्री धाम रवाना हुई डोली, अभिजीत मुहूर्त में खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट

गंगोत्री धाम रवाना हुई डोली, अभिजीत मुहूर्त में खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट
Visual Archive

गंगोत्री धाम रवाना हुई डोली, अभिजीत मुहूर्त में खुलेंगे गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट

देहरादून, 26 अप्रैल; सादे समारोह के बीच गंगा के शीतकालीन प्रवास स्थल मुखवा से गंगा की डोली शनिवार को गंगोत्री के लिए रवाना कर दी हई । गंगा की विग्रह डोली यात्रा में देश में लॉकडाउन के चलते केवल 21 लोग ही शामिल हुए।



जिनमें दो बाजगी (ढोल वादक) और 19 तीर्थ पुरोहित व श्री गंगोत्री मंदिर समिति के पदाधिकारी शामिल थे। इनके अलावा इस आयोजन में शारीरिक दूरी का पालन करवाने के लिए प्रशासन और पुलिस के लोग भी शामिल हुए।

रात्रि विश्राम शनिवार को भैरव घाटी में करने के बाद रविवार सुबह को डोली गंगोत्री पहुंचेगी और दोपहर 12.35 बजे गंगोत्री मंदिर के कपाट छह महीने के लिए खोल दिए जायेंगे।

इसके साथ ही उत्तरकाशी जिले की यमुना घाटी में रविवार की दोपहर 12.41 बजे यमुनोत्री धाम के कपाट खोलें जाएंगे। शनिवार की सुबह गंगा के चल विग्रह डोली को गंगोत्री के लिए तैयार किया गया इसके लिए तीर्थ पुरोहितों ने गंगा की डोली का पहले पूजन कर फिर उसे गंगोत्री चलने के लिए तैयार किया।

यह भी पढ़ें-कोरोना इफ़ेक्ट: केदारनाथ मंदिर के कपाट खुलने पर भक्त नहीं कर पाएंगे दर्शन

सोशल डिस्टेंसिंग का रखा गया ध्यान
डोली के साथ दो ढोल वादकों समेत कुल इक्कीस लोगों को प्रशासन ने गंगोत्री जाने की अनुमति दी है, जिनमे उन्नीस तीर्थ पुरोहित हैं। इस बार सेना के बैंड की धुनों के बीच भी गंगा की डोली को रवाना नहीं किया जा सका।

जबकि पिछले सालों तक यह परम्परा थी कि गंगा डोली को सैनिक बैंड कि धुनों के बीच रवाना किया जाता था। गंगा की डोली के रवाना होने के दौरान रस्ते में मुखवा गांव निवासियों सहित हर्षिल, धराली, बगोरी के ग्रामीणों ने घरों से ही मां गंगा को हाथ जोड़े और फूल चढ़ाए।

इस डोली के साथ सीमित मात्रा में पुलिस और प्रशासन के लोग भी डोली के साथ भेजे गए ताकि सोशल डिस्टेंसिंग समेत अन्य जरूरी सावधानियों का पालन कराया जा सके।

अभिजीत मुहूर्त में खुलेंगे कपाट
यह पहली हुआ कि मान गंगा को विदा करने उनके मायका माना जाने वाले मुखबा गांव के ग्रामीण गंगा को विदा देने मुखू मठ मंदिर परिसर भी नहीं पहुँच सके। डोली के दर्शन उन्होंने राह चलते हुए दूर से हाथ जोड़कर ही किए। रविवार को यमुना घाटी में मान यमुना की डोली भी अपने शीतकालीन प्रवास खरसाली से यमुनोत्री को प्रस्थान करेगी। अभिजीत मुहूर्त में दोपहर 12.41 बजे पर यमुनोत्री के कपाट खोल दिये जाएंगे। यमुनोत्री धाम में कपाट उद्घाटन पर यमुनोत्री जाने वाले 18 तीर्थ पुरोहितों को अनुमति दी गई है।

कम लोगों को ही दी गई पूजा की अनुमति
इसके अलावा चारधाम के एक अन्य महत्वपूर्ण धाम केदारनाथ की की पंच मुखी डोली चल विग्रह डोली के पंचकेदार गद़्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर से 26 अप्रैल को अपने धाम प्रस्थान कराने को शनिवार देर सांय को बाबा केदार के क्षेत्रपाल भगवान भैरवनाथ की विशेष पूजा-अर्चना की गई।

तहसील प्रशासन ने पूजा में शामिल होने के लिए चार पुजारियों समेत 15 लोगों को ही इस पूजा में शामिल होने की अनुमति दी। रविवार 26 अप्रैल को वाहन से ऊखीमठ से गौरीकुंड तक पहुंचाया जाएगा।



जहां से 27 अप्रैल को डोली के पंचमुखी विग्रह को उनके मुख्य धाम केदारनाथ पहुंचाया जायेगा। 29 अप्रैल को सुबह 6 बजकर 10 मिनट पर धाम के कपाट खोले जाएंगे।

You can send your stories/happenings here: info@religionworld.in

RW

Editorial Review Note

Religion World provides information on all religions and presents it impartially. You can send us information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com. You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.

April 26, 2020 3 min read
Share:

Related Historical & Critical Essays

Hinduism

सालासर बालाजी महाराज का 266वां स्थापना दिवस आज, श्रद्धालुओं पर पाबन्दी

सीकर, 28 जून ; सिद्धपीठ सालासर बालाजी मंदिर का 266वां स्थापना दिवस मंगलवार यानि 28 जून को मनाया जा रहा है। कोरोना गाइडलाइन को देखते हुए 266 साल…

Read now
Hinduism

चार धाम यात्रा शुरू हुई, जानें-यात्रा के नए नियम

कोरोना वायरस महामारी के बीच 1 जुलाई से चार धाम यात्रा शुरू हो गई है। इसकी आधिकारिक घोषणा उतराखंड चार धाम देवस्थानम बोर्ड ने की है। फ़िलहाल यह…

Read now
Hinduism

हरिद्वार में अगले साल निर्धारित समय पर लगेगा आस्था का ‘महाकुंभ’

देहरादून, 27 जून;  साल 202 1  में  हरिद्वार में आयोजित होने वाले महाकुंभ का आयोजन परंपरा के अनुरूप निर्धारित समय पर होगा, लेकिन महाकुम्भ के स्वरूप और स्तर…

Read now