RELIGION WORLD — THE INDEPENDENT SCIENTIFIC & INTERFAITH JOURNAL
Navigation

© 2026 Religion World Foundation.

Global Faith • Scientific Heritage • Human Ethics

सकारात्मक जीवन का प्रवेश द्वार है फेंगशुई

सकारात्मक जीवन का प्रवेश द्वार है फेंगशुई

सकारात्मक जीवन का प्रवेश द्वार है फेंगशुई
Visual Archive

सकारात्मक जीवन का प्रवेश द्वार है फेंगशुई

हम अक्सर फेंगशुई के बारे में सुनते है, उससे जुड़े हुये उपाए हमें लगभग हर तीसरे या चौथे घर में देखने को मिल जायेंगे. लेकिन वास्तव में आप फेंगशुई के बारे में कितना जानते हैं? हमने भी फेंगशुई के बारे में कुछ जानकारी जुटाई है…. चलिए वही जानकारी हम आपके साथ साझा करते हैं.

क्या है फेंगशुई
फेंगशुई चीन की वास्तुकला है, जिसका शाब्दिक अर्थ है हवा और पानी. स्पष्ट रूप से कहा जाए तो हवा और पानी का सही संतुलन ही फेंग शुई है. यह हम सभी जानते हैं कि हवा से सुख की अनुभूति होती है और पानी से तृप्ति.

फेंगशुई में भी पञ्च तत्वों का महत्त्व
भारतीय वास्तु शास्त्र में पञ्च तत्वों का महत्व है. प्रकृति के पांच तत्व यानि अग्नि, पृथ्वी, वायु, जल और आकाश. ठीक उसी प्रकार फेंगशुई में भी पांच तत्वों-अग्नि, पृथ्वी, धातु, जल और लकड़ी को महत्व दिया गया है. ध्यान दीजिये दोनों का मूलभूत अंतर क्या है? फेंगशुई में भारतीय वास्तु शास्त्र के वायु और आकाश की जगह लकड़ी और धातु को लिया गया है. चीनी वास्तु शास्त्र के अनुसार फेंग शुई के पांच तत्वों को एक-दूसरे से दो तरीके से संबंध किया गया है. पहला है उत्पादक चक्र व दूसरा है विनाशक चक्र.

बागुआ है फेंगशुई का प्रमुख उपकरण
फेंगशुई के अनुसार प्रत्येक वस्तु एक प्रकार की ऊर्जा उत्पन्न करती है, अब ऊर्जा नकारात्मक भी हो सकती है और सकारात्मक भी. इस ऊर्जा को हम यिन और यंग कहते हैं. यिन अर्थात नकारात्मक ऊर्जा और यांग अर्थात सकारात्मक ऊर्जा. यिन और यांग एक दूसरे के पूरक हैं जैसे रात और दिन, स्त्री और पुरुष, मृत्यु और जीवन. काला रंग यिन का प्रतीक है और सफेद रंग यांग का. ये दोनों चिह्न बागुआ के मध्य में होते हैं और आठों दिशाओं में आठ डाईग्राम होते हैं.

सुख, सौभाग्य, समृद्धि के लिए हर चीज़ सही दिशा में होनी ज़रूरी है. फेंगशुई में दिशाओं को बहुत महत्व है और फेंगशुई का यह उपकरण यानि बागुआ इसी का कार्य को पूर्ण करता है.

Editorial Review Note

Written by Religion World — Bhavya Srivastava is the founder of Religion World and a veteran journalist with over 18 years of experience across broadcast, print, and digital media. A founding member of the International Association of Religion Journalists (IARJ), he has spent much of his career reporting on and producing content about religion, faith, and spirituality. .

Religion World provides information on all religions and presents it impartially. You can send us information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com. You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.

May 10, 2017 2 min read
Share:

Related Historical & Critical Essays

Feng shui

वास्तु और फेंगशुई: जानिए वास्तु और फेंगशुई की समानताएं

वास्तुशास्त्र और फेंगशुई दोंनों के सिद्धांत पूरे विश्व में समान रूप से लागू होते हैं। क्योंकि ये दोनों शास्त्र सूर्य की किरणों एंव पृथ्वी पर बहनेवाली चुम्बकीय तरंगों…

Read now
Feng shui

Feng Shui : एलिफेंट सिंबल है गुडलक की निशानी

एलिफेंट सिंबल है गुडलक की निशानी घर में हाथी की प्रतिमा यानी एलिफेंट सिंबल रखना बहुत शुभ होता है. एलिफेंट सिंबल आपकी कई इच्छाओं को पूरा कर सकता…

Read now
Christianity

घर में क्रिसमस ट्री रखने व सजाने से पहले रखें इन बातों का ध्यान

घर में क्रिसमस ट्री रखने व सजाने से पहले रखें इन बातों का ध्यान हर पर्व और त्यौहार में फेंगशुई का अपना महत्व होता है। आज क्रिसमस के दिन…

Read now