जानिए ड्राई फ्रूट से आपका किस्मत कनेक्शन !!!
- ड्रायफ्रूट्स खाने से सेहत ही नहीं बल्कि दिन विशेष के लिए भी होता है शुभ, जानिए कैसे ?
- जानिए किस दिन खाएं कौन सा मेवा कि सफलता दौड़कर आए ओर सेहत भी रहे भरपूर
- दिन विशेष की शुभता के लिए हर दिन खाएं कोनसा विशेष मेवा।
ड्रायफ्रूट्स यूं तो सभी जानते हैं कि सेहत के लिए उत्तम होते हैं लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि ज्योतिष की दृष्टि से भी इनका विशेष महत्व है और इन्हें सुबह खाने से दिन शुभ और सफलतादायक होता है। हर दिन का विशेष मेवा माना गया है। ड्राई फ्रूट खाना तो सबको पसंद होता है लेकिन कहते है न अगर कोई भी चीज़ जरुरत से ज्यादा खा लो तो वह हानि भी करती है। ऐसे ही ड्राई फ्रूट्स अगर लिमिट में नहीं खाये गए तो इसके भी कई नुकसान है । इसीलिए कहा जाता है की मेवों की तासीर गर्म होती है जिसके कारण उन्हें पानी में भिगो कर खाना चाहिए , और जितनी मात्रा में जरुरत हो उतना ही खाएं । अब तक सभी को केवल ड्राई फ्रूट्स खाने के फायदे ही मालुम होंगे लेकिन आपको बता दूँ की जितने इसके फायदे है उतने ही इसके नुकसान भी है। आइए जानते हैं ज्योतिषाचार्य पण्डित दयानन्द शास्त्री जी से कि किस दिन खाएं कौन सा मेवा ताकि आपके दिन शुभ और प्रगतिदायक हो…

सोमवार – 4 काजू – काजू में भरपूर मात्रा में प्रोटीन और फाइबर और मोनो सैचुरेटड फैट होता है जो कि दिल को स्वस्थ रखता है और दिल की बीमारियों के खतरे को कम करता है। इसमें बिल्कुल भी कोलेस्ट्रॉल नहीं होता है। काजू में मौजूद मेग्नीशियम हड्डियों को मजबूत करता है। बालों का झड़ना, डायबिटीज और कैंसर जैसी बीमारियों में भी काजू काम आता है।

मंगलवार – 7 किशमिश – यदि आपकी याददाश्त कमज़ोर हो गई है और आप भूलने लगते हैं तो किशमिश का सेवन बहुत बढ़िया है। इसे एक बढ़िया एंटीऑक्सीडेंट माना जाता है, जो स्टैमिना बढ़ाता है , लेकिन यह सब फायदे आपको तब ही मिल पाएंगे जब आप किशमिश भीगा कर खाएंगे नहीं तो इसे भी पेट खराब होने की समस्यां हो जाती है ।यौन दुर्बलता की समस्या के लिये रोजाना किशमिश खाएं क्योंकि यह कामेच्छा को बढ़ाती है। इसके अलावा अगर आपको पेट की ऐंटन-मरोड़, कब्ज या पेट दर्द की शिकायत है तो किशमिश का नियमित सेवन आपको इन बीमारियों में लाभ देगा।

बुधवार- 5 पिस्ता और 1 बादाम – बादाम में मौजूद विटामिन B1, आयरन, फासफोरस और कॉपर के तत्व शरीर में नई रक्त कणिकाओं को बनाने में मदद करते हैं। बादाम हीमोग्लोबिन बढ़ाता है। त्वचा और खासकर मुंहासों से बचाने में बादाम बड़ी भूमिका निभाता है। याद्दाश्त बढ़ाने में बादाम बड़ी भूमिका निभाता है।
बादाम में कैल्शियम, विटामिन ई, विटामिन बी और फाइबर मौजूद होते है जिससे ये सेहत के लिए जितने अच्छे हैं, और शायद ही कोई ऐसा हो जिसे बादाम खाना पसंद हो, लेकिन यही अगर इन बादामों का अधिक सेवन कर लिया तो अधिक बादाम खाने से आपको कब्ज़ हो सकती है, इसलिए दिन में 5 बादाम से ज्य़ादा न खाएं। शोध के मुताबिक बादाम खाने वाले लोगों को धूम्रपान की लत कम लगती है। वे फल और सब्जियां अधिक खाते हैं व व्यायाम ज्यादा करते हैं।

पिस्ता – पिस्ता में भरपूर मात्रा में विटामिन E होता है जो त्वचा को अल्ट्रा-वॉयलेट किरणों से सुरक्षित करता है। पिस्ता हृदय रोगियों के लिए बहुत लाभकारी होता है, क्योंकि इसमें विटामिन बी-6 का पाया जाता है, और जो लोग डाइटिंग करते है वह अपने डाइट में पिस्ता जरूर इस्तेमाल करते है क्योंकि इससे पेट ज़्यादा देर तक भरा रहता है।लेकिन ज़्यादा पिस्ता सेहत के लिए बहुत नुकसानदेह होता है क्योंकि ज्यादा पिस्ता खाने से आपको एसिडिटी की दिक्कत हो सकती है और पिस्ते में नमक होने की वजह से ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए यह बहुत ज्यादा नुक्सान देह होता है । इसके अलावा पाचन संबंधी बीमारियों के लिए पिस्ता रामबाण है। आखों के लिए पिस्ता अच्छा होता है। पुरुषों की फर्टीलिटी बढ़ाने में भी पिस्ता मदद करता है।
गुरुवार- 3 धागे केसर के
शुक्रवार – 5 मिश्री दाने और खोपरा

शनिवार – 3 अंजीर – अंजीर उन मेवों में से एक है जो मोटापा कम करने में बहुत कारगर माना जाता है और यह भूख को नियंत्रित रखने में भी सहायक होती है लेकिन इसका अधिक सेवन जिगर के लिए हानिकारक हो सकता है। अंजीर बहुत गर्म होती है, इसलिए 5 दाने से ज्य़ादा न खाएं। बहुत ज्यादा खाने से पेट खराब होने की संभावनाएं होती है ।

रविवार – 5 अखरोट – अखरोट एक मात्र ऐसा ड्राई फ्रूट है, जिसमें शरीर के लिए बहुत जरूरी ओमेगा3 फैटी एसिड होता है जो दिल की बीमारियों से लड़ने में काफी मददगार होता है। अखरोट के सेवन से शरीर का वजन घटाने में मदद मिलती है।
इसके अलावा आप खजूर का भी उपयोग कर सकते हैं। खजूर में प्रोटीन के साथ-साथ फाइबर और विटामिन B1,B2,B3,B5,A1 और c भरपूर मात्रा में होते हैं। सेक्सुअल स्टेमिना बढाने में खजूर की अहम भूमिका होती है।खजूर से पेट का कैंसर भी ठीक होता है।यह स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए अत्यधिक लाभकारी है।खजूर खाने से पाचन तंत्र स्वस्थ रहता है।
सूखे मेवों व इस श्रेणी के दूसरे खाद्य पदार्थो में प्रोटीन, असंतृप्त वसा, फाइबर, विटामिन, खनिज व एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो दिल और सांस संबंधी रोगों को दूर रखते हैं। जो लोग सप्ताह में कम से कम सात बार सूखे मेवे खाते हैं उनमें कैंसर और ह्वदय रोगों से मौत की आशंका सात प्रतिशत कम हो जाती है। सूखे मेवों और अलसी के बीजों में ओमेगा-थ्री फैटी एसिड सहित कई ऎसे तत्व पाए जाते हैं जो बढ़ती उम्र में भी दिमाग को दुरूस्त रखते हैं। इसलिए मौसम के अनुसार सूखे मेवों को अपनी डाइट में अवश्य शामिल करें।
नोट – इन्हें सुबह स्नान, पूजन और नाश्ते के पश्चात घर से निकलते वक्त खाने का खास महत्व है।
लेख – पं. दयानंद शास्त्री, उज्जैन
Editorial Review Note
Written by Religion World — Bhavya Srivastava is the founder of Religion World and a veteran journalist with over 18 years of experience across broadcast, print, and digital media. A founding member of the International Association of Religion Journalists (IARJ), he has spent much of his career reporting on and producing content about religion, faith, and spirituality. View full profile →.
Religion World provides information on all religions and presents it impartially. You can send us information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com. You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.