नयी दिल्ली, 16 अक्टूबर; कोरोना महामारी के कारण इस साल दुर्गा पूजा की तैयारी उस तरह की नहीं हो पा रही है जैसी होनी चाहिए. इसके बावजूद राज्य सरकारों ने कई सारी पांबदियो के मद्देनजर दुर्गा पूजा के उत्सव की छूट दे दी है. असम सराकर ने भी अपने राज्य के लिए प्रोटोकॉल जारी कर दिया है जिसके तहत वो मां का स्वागत औऱ पूजा दोनों कर सकते हैं.
दुर्गा पूजा के लिए जारी किये दिशा निर्देश
असम सराकर ने इस महामारी के बीच दिशानिर्देश जारी किए हैं जिसका पालन हर उस आयोजक को करना होगा जो इस साल दुर्गा पूजा में मां की प्रतिमा को रखेगा.
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की ओर से जारी एक अधिसूचना के अनुसार पूजा समिति के सभी आयोजकों को इस वर्ष दुर्गा पूजा आयोजन के लिए अपने अपने जिला प्रशासन से अनुमति लेनी होगी. साथ ही जिला प्रशासन को कोविड-19 प्रोटोकॉल का अनुपालन करना होगा.
यह भी पढ़ें-अक्षरधाम मंदिर : श्रद्धालुओं के लिए खोला गया दिल्ली का अक्षरधाम मंदिर
क्या हैं नियम
सरकार की तरफ से दिए गए निर्देशों के अनुसार इस साल दुर्गा पूजा के पंडाल विशाल और सभी तरफ से खुले होने चाहिए. कम से कम एक मीटर की दूरी के लिए पर्याप्त स्थान होना चाहिए. एक बार में 10 से 30 से अधिक व्यक्ति इकट्ठे नहीं होने चाहिए. मास्क का उपयोग सभी के लिए अनिवार्य होगा. वहीं, पंडाल के प्रवेश और निकास द्वार पर हैंड सेनिटाइजर रखना होगा.
सेनेटाइज करने होंगे पंडाल
राज्य सरकारों के अनुसार दुर्गा पूजा पंडाल एवं आस-पास के क्षेत्रों को दिन में दो बार सेनेटाइज किया जाना चाहिए. सभी स्वयंसेवकों, पुजारियों और आयोजकों को पंचमी के दिन और विसर्जन के बाद अनिवार्य रूप से जांच करवानी होगी. इसके साथ ही इस साल ‘प्रसाद’ या सामुदायिक भोज का कोई वितरण नहीं होगा.
[video_ads]
[video_ads2]
You can send your stories/happenings here:info@religionworld.in
Editorial Review Note
Religion World provides information on all religions and presents it impartially. You can send us information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com. You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.