बौद्ध धर्म के किस ग्रन्थ में लिखा है “बुद्धं शरणम गच्छामि” का मूल मन्त्र   

बौद्ध धर्म के किस ग्रन्थ में लिखा है “बुद्धं शरणम गच्छामि” का मूल मन्त्र  

बुद्धं शरणम गच्छामि  संघम शरणम गच्छामि  धम्मं शरणम गच्छामि  महात्मा बुद्ध के अनुयायी  इसे त्रिशरण मंत्र के रूप में उच्चारित  करते हैं। इसका शाब्दिक अर्थ है मैं बुद्ध की शरण जाता हूं। मैं धर्म की शरण जाता हूं, और मैं संघ  की शरण जाता हूं। बौद्ध धर्म के अनुयायियों के लिए यह त्रिशरण मंत्र मूल मन्त्र है. बौद्ध धर्म के अनुयायियों के अनुसार इन तीनों की शरणागत होने से ही कोई सच्चा शिष्य एवं साधक […]

 February 2, 2020