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36 आध्यात्मिक परम्पराओं के 135 संतों को न्योता : श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र

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36 आध्यात्मिक परम्पराओं के 135 संतों को न्योता : श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र

36 आध्यात्मिक परम्पराओं के 135 संतों को न्योता : श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र

अयोध्या में आज श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव, कोषाध्यक्ष ने प्रेस कॉंफ्रेस करके सारी तैयारियों के बारे में बताया। 5 अगस्त को अयोध्या पहुंचने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सबसे पहले हनुमानगढ़ी में दर्शन-पूजन करेंगे। हनुमानगढ़ी के मुख्य पुजारी महंत राजू दास ने बताया कि पीएम मोदी पहले हनुमानगढ़ी में दर्शन करेंगे। आज योगी आदित्यनाथ ने भी हनुमान गढ़ी जाकर सभी इंतजाम का मुआयना किया और सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों के पालन में कड़ाई की गुजारिश की। प्रधानमंत्री के लिए विशेष पूजा की व्यवस्था रहेगी। महंत राजू दास ने कहा कि पीएम के शेड्यूल में हनुमानगढ़ी में 7 मिनट का समय दिया गया है। इसमें प्रधानमंत्री का आना-जाना शामिल है, प्रधानमंत्री को पूजन में करीब 3 मिनट का समय लगेगा। सूत्रों के मुताबिक, पीएम मोदी 5 अगस्त को 11- 11:15 बजे अयोध्या पहुंचेंगे।

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने बाकायदा ट्वीट करके ये सारी जानकारी सबको दी।

अब ये साफ हो गया है कि इस विशेष कार्यक्रम में कितने अतिथि होंगे, चंपत राय ने कहा कि “श्री राम जन्मभूमि मन्दिर निर्माण शुभारंभ कार्यक्रम में कुल 175 महानुभावों को आमंत्रित किया गया है। देश की कुल 36 आध्यात्मिक परम्पराओं के 135 पूजनीय संतों की पावन उपस्थिति कार्यक्रम में रहने वाली है। इसके साथ-साथ अयोध्या के कुछ गणमान्य नागरिकों को भी आमंत्रित किया गया है।” इनमें खास तौर पर इकबाल अंसारी और मोहम्मद शरीफ को भी निमंत्रण भेजा है। साथ ही ये भी बताया गया है कि, “कोरोना महामारी और अन्य कुछ कारणों से कुछ महानुभावो के आगमन में बाध्यताएं हैं। 90 वर्ष से अधिक आयु के महानुभावों का इस अवस्था में अयोध्या तक आना न तो सम्भव है, न ही व्यवहारिक। इसी प्रकार चातुर्मास के कारण पूज्य शंकराचार्य जी व कई पूज्य संत भी कार्यक्रम में उपस्थित नहीं हो पाएंगे।”

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Editorial Review Note

Written by Religion World — Bhavya Srivastava is the founder of Religion World and a veteran journalist with over 18 years of experience across broadcast, print, and digital media. A founding member of the International Association of Religion Journalists (IARJ), he has spent much of his career reporting on and producing content about religion, faith, and spirituality. .

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August 3, 2020 2 min read
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