मंगल ग्रह 27 अगस्त 2018 से मार्गी : आपकी राशि पर असर

 In Astrology, Hinduism

मंगल ग्रह 27 अगस्त 2018 से मार्गी : आपकी राशि पर असर


श्रावण माह की समाप्ती होते ही भूमिपूत्र मंगल मकर राशि में मार्गी होने जा रहे है। मंगल मकर में केतु ग्रह के साथ लंबे समय तक रहे है। इसके चलते अनेक राशि वाले कुछ समय तक परेशान रहे। एेसे परेशान लोगों के जीवन में अब बड़ा बदलाव आने का समय शुरू होने वाला है, क्योंकि मंगल ग्रह रक्षाबंधन या राखी के अगले दिन 27 अगस्त 2018 को वक्री से मार्गी होने जा रहे है।

ज्योतिषी पण्डित दयानन्द शास्त्री ने बताया कि मंगल के मार्गी होने से भूमि-भवन, अचल संपत्ति, भवन-निर्माण की सामग्री आदि व्यापारिक कार्यों में वृद्धि होगी। मंगल ग्रह के गोचर काल का अपनी उच्च राशि मकर में होने से लोगों को राहत मिलेगी। साथ ही लोगों के अभी तक रुके हुए कार्यों को भी अच्छी गति मिलेगी। लेकिन साथ में केतु ग्रह के होने से कार्यों में बाधाएं भी आ सकती हैं। केतु छाया ग्रह है। यह उच्च ग्रह के साथ अनुकूल परिस्थितियों में लोगों के असंभव कार्यों को संभव बनाता है। लेकिन विपरीत स्थिति में यह बना हुआ कार्य भी बिगाड़ देता है।

27 अगस्त 2018 सोमवार शाम 7 बजकर 36 मिनट पर मंगल मकर राशि में मार्गी होंगे। इनके मार्गी होने से अब तक केतु जो मनमानी कर रहा था, वो समाप्त होगा। क्योकि इस समय मंगल ग्रह केतु के साथ मकर राशि में विराजे है। मंगल के इस तरह से वक्री से मार्गी होने से सभी 12 राशियों के जीवन में बड़ा शुभ असर होगा। मंगल ग्रह के मार्गी होने से 62 दिनों से चली आ रही आपदाएं, आगजनी, वाद-विवाद, बाढ़ जैसी दुर्घटनाओं से लोगों को राहत मिलेगी।

मंगल ग्रह 26 जून से मकर राशि में ही वक्र गति से भ्रमण कर रहे थे। मंगल ग्रह के मार्गी होने से करीब दो माह चली आ रही आपदाएं, आगजनी, वाद-विवाद, बाढ़ जैसी दुर्घटनाओं से लोगों को काफी राहत मिलेगी।

शौर्य, साहस, बल, भूमि का प्रतिनिधित्व करने वाला ग्रह मंगल के मार्गी होने से भूमि संबंधी कार्य होंगे, जिनकी भूमि बिक नहीं रही थी उनकी भूमि बिकने में आसानी होगी। व्यक्ति साहसिक कार्य करने में पीछे नहीं हटेगा। गुरु ग्रह 10 जुलाई से मार्गी हो चुके हैं। मंगल ग्रह 27 अगस्त को मार्गी हो जाएगा। 26 जुलाई से कर्क राशि में मार्गी चल रहा बुध ग्रह रविवार से कर्क राशि में मार्गी हो गया। 18 अप्रैल से धनु राशि में मार्गी हुए शनि 6 सितंबर 2018 को धनु राशि मे मार्गी होंगे। 

विशेषशुक्र का 1 सितंबर 2018 से तुला राशि में होगा प्रवेश 

ग्रहों के अनुकूल होने से खुशियां आएंगी। मंगल ग्रह के मार्गी होने के साथ तुला राशि में देव गुरु बृहस्पति, दैत्य गुरु शुक्र की युति शंख योग बनाएगी। ज्योतिष में यह युति शुभ मानी जाती है। दोनों ग्रहों की युति साल में एक बार ही होती है। इन दोनों ग्रहों की युति से व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक प्रभाव दिखेंगे। शुक्र 1 सितंबर को तुला राशि में प्रवेश करेंगे। यह 1 जनवरी 2019 तक इसी राशि में रहेंगे। बृहस्पति भी तुला राशि में 11 अक्टूबर तक रहेंगे। इसलिए गुरु और शुक्र की युति 11 अक्टूबर तक रहेगी। इससे भारत के आर्थिक वातावरण में सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिलेंगे। 

जानिए मंगल के मार्गी होने का आपकी राशि पर प्रभाव (असर)

मेष राशि –  इस राशि का स्वामी स्वयं मंगल है, इसलिए मंगल के मकर राशि में मार्गी होने से सबसे ज्यादा फायदा इसी राशि को होगा। परेशानियों का अंत होगा और जिस काम में काफी मेहनत करने के बाद सफलता नहीं मिल पा रही थी उसमे सफल होंगे। नौकरी पेशा वर्ग के लिए यह समय शुभ रहेगा।

वृषभ राशि – इस राशि का स्वमी शुक्र है। शुक्र मंगल का परम मित्र है। वृषभ राशि पर धन के रास्ते खुलेंगे। इसके अलावा पराक्रम में वृद्धि होगी। प्रमोशन व तबादले के योग है। परिवार में सुख शान्ति बनी रहेगी। इन लोगों को खुश खबर मिलेगी। सेहत ठीक रहेगी।

मिथुन राशि – मिथुन राशि के जातकों के लिए मंगल का वर्की से मार्गी अवस्था में आना शुभ समाचार दिलाएगा। आर्थिक परेशानियों से छुटकारा मिलेगा और धन लाभ के कई मौके प्राप्त होंगे। जमीन-जायदाद में निवेश करने से इस राशि के लोगों को फायदा मिलेगा।

कर्क राशि – कर्क राशि का स्वामी चंद्र है। चंद्र व मंगल मित्र है। चंद्र की राशि में मार्गी मंगल शुभ फल देगा। जीवनसाथी से लाभ होगा। प्यार व रोमांस में वृद्धि होगी। भूमि से लाभ होगा। पुरानी प्रापर्टी को लेकर चल रही बाधा दूर होगी।

सिंह राशि – सिंह राशि का स्वामी सूर्य है। सूर्य व मंगल आपस में गहरे मित्र है। एेसे में सिंह राशि वालों को छठा मंगल दुश्मनों का सफाया करेगा। आंख के रोग दूर होंगे व धर्म के कार्य में विजयी मिलेगी। इसके अलावा ससुराल से भी धन का लाभ होगा।

कन्या राशि – इस राशि का स्वामी बुध है। मंगल की ये चाल कन्या राशि वालों के लिए शुभ संकेत है। 27 अगस्त के बाद से इस राशि के जातकों को भाग्य का साथ मिलना शुरू हो जाएगा। रूका हुआ काम पूरा होगा। भौतिक सुख में इजाफा मिलेगा। विदेश से कोई नया अवसर मिल सकता है। अगर किसी कानूनी मसले में परेशानी में फंसे है तो जीत आपकी होने वाली है। ये मार्गी मंगल गुरु समान किसी मित्र से जीवन को नई दिशा दिलवाएगा।

तुला राशि – इस राशि वालों का स्वमी शुक्र है। शुक्र व मंगल एक दूसरे को लाभ पहुंचाते है। तुला राशि वालों को मकर राशि का मंगल मकान या भूमि का लाभ देगा। इसके अलावा पूर्वजों का भी स्नेह मिलेगा।

वृश्चिक राशि – भाई-बहनों के सहयोग से छोटी यात्राओं का योग बनेगा। यदि लंबे समय से जमीन या मकान लेने की सोच रहे है तो यह सपना साकार होगा। मित्रों और सगे-संबंधियों का पूरा सहयोग मिलेगा। अचानक से धन प्राप्ति के योग हैं।

धनु राशि – संतान पर पैसा खर्च होगा। बहुत सोच-समझकर ही किसी को धन उधार दें, अन्यथा पैसा फंस सकता है। धार्मिक स्थानों की यात्रा के योग बनेंगे। क्रोध से बचें नहीं तो बना बनाया काम बिगड़ सकता है।

मकर राशि – मंगल का उच्च राशि में गोचर होने से नए अवसर मिलेंगे। परिस्थितियां अनुकूल होंगी और व्यक्तित्व में निखार आएगा। समाज या कार्यालय में सम्मान मिलेगा।

कुंभ राशि – संपत्ति के खरीदने या बेचने का योग बन रहा है। अनावश्यक खर्चों पर लगाम लेगी। विदेश यात्रा की भी संभावना है। व्यापार में अप्रत्याशित लाभ के योग बनेंगे।

मीन राशि – आय भाव में मंगल के मार्गी होने से अनेक स्रोतों से आय में वृद्धि होगी। यदि बड़े-भाई बहने से किसी प्रकार की खटपट चली आ रही थी, वह दूर होगी। तरक्की के पूरे योग हैं। स्थान परिवर्तन की संभावना है। छोटे मकान से बड़े मकान में जाने का अवसर मिलेगा।

मंगल के मार्गी होने के कारण प्राकृतिक आपदा, आगजनी, बाढ़ आदि की घटनाओं में काफी हद तक कमी आएगी लेकिन जो लोग इस समय मंगल दोष से पीड़ित चल रहे हैं, उन्हें कुछे परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। वैदिक ज्योतिष में जिन तमाम दोषों को खतरनाक बताया गया है, उसमें मंगल दोष भी शामिल है। यही कारण है कि विवाह आदि से पहले किसी भी कुंडली को मिलाते समय इस दोष को विशेष रूप से देखा जाता है। वैदिक ज्योतिष के मुताबिक किसी भी व्यक्ति में ऊर्जा का प्रवाह बनाए रखने के लिए इस दोष के प्रभाव को दूर करना अत्यंत आवश्यक होता है।

जानिए किन उपायों से दूर होगा मंगल दोष 

– मंगल दोष के दुष्प्रभाव से चने के लिए प्रतिदिन या फिर मंगलवार के दिन विशेष रूप से संकटमोचन हनुमान जी की आराधना करें। हनुमत साधना में हनुमान चालीसा या बजरंगबाण का पाठ करें।

– हनुमानजी के पैर का सिंदूर का टीका लगाएं। मंगल का दुष्प्रभाव कम होगा।

– मंगल दोष से पीड़ित व्यक्ति प्रतिदिन या फिर विशेष रूप से मंगलवार के दिन बंदरों को गुड़ और चने खिलाएं। साथ ही अपने घर में लाल पुष्प वाले पौधे लगाकर उनकी अच्छी तरह देखभाल करें।

– मंगल को मनाने के लिए उनकी प्रिय वस्तुओं जैसे लाल मसूर की दाल, लाल कपड़े का दान करना चाहिए।

– यदि आप मंगल दोष से पीड़ित हैं तो अपने छोटे भाई-बहनों का विशेष ख्याल रखें।

– मंगल दोष से पीड़ित व्यक्ति को घर में नीम का पौधा लगाना चाहिए और उसे प्रतिदिन जल देना चाहिए।

– माता मंगला गौरी की साधना-अराधना और विशेष पूजन करने से भी इस दोष से मुक्ति मिलती है।

– मंगल दोष से पीड़ित व्यक्ति को अपने खान-पान की आदतों में विशेष रूप से ख्याल रखना चाहिए। ऐसे जातक को हमेशा गर्म और ताजा भोजन करना चाहिए। इस उपाय से कमजोर मंगल मजबूत होता है.

– यदि आप मंगल दोष से अत्यधिक पीड़ित हैं तो आप मध्य प्रदेश के उज्जैन स्थित अंगारेश्वर महादेव अथवा मंगलनाथ मंदिर में मंगल दोष निवारण विशेष पूजा करवाएं।

================

ज्योतिषी पण्डित दयानन्द शास्त्री

MOB – 09669290067   

WHATS App – 09039390067,               

FOR JIO – 07000394515 

Recommended Posts
Contact Us

We're not around right now. But you can send us an email and we'll get back to you, asap.

Not readable? Change text. captcha txt

Start typing and press Enter to search